Open And Distance Learning Courses In PRSU –PRSU में जल्द शुरू होंगे ओपन एंड डिस्टेंस लर्निंग कोर्स: NAAC से A+ ग्रेड मिलने के बाद UGC से मांगी जाएगी मंजूरी
पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय (PRSU), रायपुर में अब ओपन एंड डिस्टेंस लर्निंग (ODL) कोर्स शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है।
हाल ही में विश्वविद्यालय को NAAC से A+ ग्रेड मिला है, जिसके बाद यह UGC के मानकों के अनुसार ODL कोर्स चलाने के लिए पात्र (Eligible) हो गया है।
UGC को भेजा जाएगा फॉर्मल आवेदन
बीते दिनों विवि की कार्यपरिषद (Executive Council) की 100वीं बैठक में इस प्रस्ताव पर चर्चा हुई।
बैठक में तय किया गया कि विश्वविद्यालय अब UGC को औपचारिक आवेदन (Formal Letter) भेजेगा।
UGC की मंजूरी मिलते ही PRSU अगले शैक्षणिक सत्र (2026-27) से ODL कोर्स शुरू कर सकता है।
किन कोर्सों में होगी पढ़ाई
PRSU यह तय करेगा कि किन विषयों को ODL मोड में शामिल किया जाए।
विवि के सूत्रों के अनुसार —
वही पाठ्यक्रम चुने जाएंगे जिनमें प्रायोगिक (Practical) या लैब वर्क की आवश्यकता नहीं होती।
विज्ञान और तकनीकी जैसे लैब-आधारित विषयों को फिलहाल ODL में शामिल नहीं किया जाएगा।
UGC के निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार कोर्स फाइनल किए जाएंगे और विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर डिटेल जानकारी और आवेदन प्रक्रिया जारी की जाएगी।
क्या है ओपन एंड डिस्टेंस लर्निंग (ODL)
ओपन एंड डिस्टेंस लर्निंग एक ऐसी पद्धति है जिसमें छात्रों को नियमित रूप से कक्षाओं में उपस्थित रहना अनिवार्य नहीं होता।
इसमें 75% उपस्थिति की बाध्यता नहीं होती, छात्र घर बैठे डिग्री, डिप्लोमा या सर्टिफिकेट कोर्स पूरा कर सकते हैं।
यह सुविधा खासकर नौकरीपेशा या समयाभाव वाले छात्रों के लिए लाभदायक है।
हालांकि, नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के तहत स्वाध्यायी छात्रों को कुछ दिनों के लिए अनिवार्य कक्षाओं में शामिल होना पड़ता है, लेकिन यह अवधि बहुत सीमित होती है।
ODL क्यों जरूरी है
PRSU में पहले से हजारों छात्र नियमित कोर्सों में पढ़ाई कर रहे हैं।
ODL कोर्स शुरू होने से —
अधिक छात्रों को उच्च शिक्षा का अवसर मिलेगा।
विवि का ऑनलाइन एजुकेशन प्लेटफॉर्म मजबूत होगा।
राज्य में लचीली शिक्षा प्रणाली (Flexible Learning System) को बढ़ावा मिलेगा।
मुख्य बिंदु (Highlights):
PRSU को NAAC से A+ ग्रेड मिलने के बाद ODL कोर्स शुरू करने की पात्रता मिली
UGC को भेजा जाएगा औपचारिक आवेदन
अगले शैक्षणिक सत्र से शुरू हो सकते हैं ODL प्रोग्राम
प्रायोगिक विषयों को इसमें शामिल नहीं किया जाएगा
नौकरीपेशा और स्वाध्यायी छात्रों के लिए होगा लाभकारी
