सांसद बृजमोहन बोले— फर्जी मतदाताओं का नाम कटना जरूरी, रायपुर में ठीक से SIR सर्वे हुआ तो एक लाख वोटर्स हटेंगे
Raipur SIR News-
छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में मतदाता सूची के सत्यापन के लिए स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। निर्वाचन आयोग के निर्देश पर चल रहे इस सर्वे में मतदाताओं के नाम, पते और पहचान का मिलान किया जा रहा है।
इस बीच रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा है कि अगर यह सर्वे ईमानदारी से हुआ तो रायपुर में करीब एक लाख फर्जी या निष्क्रिय मतदाताओं के नाम हट जाएंगे। सांसद का कहना है कि इनमें वे लोग शामिल हैं जो शहर छोड़ चुके हैं या जिनकी मृत्यु हो चुकी है।
सांसद ने कहा— SIR प्रक्रिया पूरी ईमानदारी से होनी चाहिए
बृजमोहन अग्रवाल ने कहा,
“यह सर्वे बहुत जरूरी है। अगर SIR सर्वे सही तरीके से हुआ तो करीब एक लाख फर्जी वोटर लिस्ट से हट सकते हैं। इससे चुनावी प्रक्रिया और भी पारदर्शी बनेगी।”
निर्वाचन अधिकारियों की आम जनता से अपील
राज्य निर्वाचन आयुक्त यशवंत कुमार ने प्रदेश के नागरिकों से अपील की है कि वे अपने नाम, पता और पहचान संबंधी जानकारी की पुष्टि जरूर करें।
उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में किसी तरह की गलती रह जाने पर दावे और आपत्तियों की प्रक्रिया के दौरान उसे सुधारा जा सकेगा।
छत्तीसगढ़ में कुल 2.11 करोड़ मतदाता
निर्वाचन आयोग के मुताबिक, 1 जनवरी 2025 की स्थिति में छत्तीसगढ़ में कुल
2 करोड़ 11 लाख 5 हजार 391 मतदाता पंजीकृत हैं।
पुरुष मतदाता: 1 करोड़ 4 लाख 27 हजार 842
महिला मतदाता: 1 करोड़ 6 लाख 76 हजार 821
तृतीय लिंग मतदाता: 728
राज्य में मतदाताओं का लिंगानुपात 1024 है।
घर-घर पहुंचेंगे BLO
राज्यभर में 27,199 बूथ स्तर अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर मतदाताओं की जानकारी की जांच कर रहे हैं।
वे प्रत्येक परिवार से गणना प्रपत्र फॉर्म भरवा रहे हैं, जिसमें मतदाता की व्यक्तिगत जानकारी और पात्रता की पुष्टि की जा रही है।
इन दस्तावेज़ों से होगा SIR में सत्यापन
SIR सर्वे में मतदाता की पहचान और पात्रता के लिए निम्न दस्तावेजों का उपयोग किया जा सकेगा —
सरकारी/PSU कर्मचारियों को जारी पहचान पत्र या पेंशन आदेश
1 जुलाई 1987 से पहले जारी सरकारी प्रमाणपत्र या दस्तावेज
जन्म प्रमाणपत्र
पासपोर्ट
मान्यता प्राप्त बोर्ड/विश्वविद्यालय का शैक्षणिक प्रमाणपत्र
स्थायी निवास प्रमाणपत्र
वन अधिकार प्रमाणपत्र
जाति प्रमाणपत्र (SC/ST/OBC)
परिवार रजिस्टर या भूमि/मकान आवंटन प्रमाणपत्र
आधार या NRC से संबंधित वैध दस्तावेज़
9 दिसंबर को जारी होगी मसौदा सूची
निर्वाचन आयोग के अनुसार,
9 दिसंबर 2025: मसौदा मतदाता सूची जारी की जाएगी।
9 दिसंबर 2025 से 8 जनवरी 2026: दावे और आपत्तियां दर्ज की जा सकेंगी।
9 दिसंबर से 31 जनवरी 2026: आवेदनों की सुनवाई और सत्यापन प्रक्रिया चलेगी।
7 फरवरी 2026: अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।
यही सूची आगामी विधानसभा और लोकसभा चुनावों के लिए आधार बनेगी।
