Bhilai-Bilaspur News -भिलाई/बिलासपुर
छत्तीसगढ़ में जबरन धर्मांतरण को लेकर एक बार फिर गंभीर मामले सामने आए हैं। भिलाई और बिलासपुर से जुड़े दो अलग-अलग घटनाक्रमों ने प्रशासन को सतर्क कर दिया है। दोनों ही मामलों में पीड़ित पक्ष की शिकायत पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
भिलाई: लकवाग्रस्त व्यक्ति को ठीक करने का लालच देकर धर्म परिवर्तन का दबाव
पहला मामला दुर्ग जिले के भिलाई तीन थाना क्षेत्र के पदुमनगर इलाके का है। यहां एक लकवाग्रस्त व्यक्ति को बीमारी ठीक करने का लालच देकर धर्म परिवर्तन के लिए दबाव डालने का आरोप लगा है।
पीड़ित परिवार के अनुसार, दो महिलाएं लगातार करीब दो सप्ताह से घर आकर बाइबिल पढ़ने का दबाव बना रही थीं और दावा कर रही थीं कि ऐसा करने से लकवा ठीक हो जाएगा। आरोप है कि इस दौरान पीड़ित को मानसिक रूप से भी परेशान किया जा रहा था।
स्थिति तब सामने आई जब पीड़ित महिला ने परेशान होकर पुलिस को फोन पर सूचना दी। जानकारी मिलते ही पुरानी भिलाई थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रण में लिया।
पुलिस ने मौके से दो महिलाओं को हिरासत में लिया, जिनमें:
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एक महिला झारखंड की रहने वाली बताई जा रही है
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दूसरी महिला कुम्हारी क्षेत्र की निवासी है
प्रारंभिक जांच के बाद भिलाई तीन थाना पुलिस ने संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि कहीं यह किसी संगठित नेटवर्क का हिस्सा तो नहीं है।

बिलासपुर: प्रार्थना सभा की आड़ में धर्मांतरण का आरोप
दूसरा मामला बिलासपुर जिले के सरकंडा थाना क्षेत्र के सूर्या विहार कॉलोनी से सामने आया है। आरोप है कि यहां प्रार्थना सभा की आड़ में धर्मांतरण कराया जा रहा था।
जानकारी के मुताबिक, जेम्स सिंह के मकान में एक कथित प्रार्थना सभा आयोजित की जा रही थी, जहां कई लोगों को मतांतरण के लिए प्रेरित किया जा रहा था। इसकी सूचना मिलने पर हिंदू संगठनों के सदस्य मौके पर पहुंचे और सभा का विरोध किया।
इस दौरान पूरे घटनाक्रम का लाइव वीडियो भी सामने आया, जिसमें घर के अंदर प्रार्थना सभा होती नजर आ रही है। आरोप है कि इस सभा में करीब 16 लोगों को धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित किया जा रहा था।
सूचना पर सरकंडा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभालते हुए आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। पुलिस यह जांच कर रही है कि:
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सभा में शामिल लोग किन परिस्थितियों में पहुंचे
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क्या उन्हें किसी तरह का लालच या दबाव दिया गया था

पुलिस का सख्त रुख, लोगों से की अपील
दोनों मामलों के सामने आने के बाद प्रदेश में जबरन धर्मांतरण को लेकर चर्चा तेज हो गई है। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि:
“कानून के तहत किसी भी तरह का दबाव, लालच या धोखे से कराया गया धर्मांतरण अपराध है। ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि यदि किसी भी तरह का दबाव या प्रलोभन दिया जाए, तो तुरंत नजदीकी थाने या पुलिस हेल्पलाइन को सूचना दें।

